समाचार | रोजमर्रा के उत्पादों में रासायनिक जोखिम: थायरॉइड कार्य और प्रजनन क्षमता के बीच संबंध



समाचार | रोजमर्रा के उत्पादों में रासायनिक जोखिम: थायरॉइड कार्य और प्रजनन क्षमता के बीच संबंध


Brigham and Women's Hospital के शोधकर्ताओं के नेतृत्व में किए गए एक अध्ययन में पाया गया कि पर्यावरणीय फेनोलिक रसायनों के संपर्क में आने से महिलाओं के थायरॉइड हार्मोन स्तरों में असामान्य बदलाव हो सकते हैं और प्रजनन स्वास्थ्य प्रभावित हो सकता है। Toxics में प्रकाशित ये निष्कर्ष दर्शाते हैं कि पर्यावरणीय रसायन और जीवनशैली महिलाओं के स्वास्थ्य तथा प्रजनन क्षमता को कैसे प्रभावित करते हैं।


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फेनोलिक रसायनों से थायरॉइड को संभावित जोखिम

कई रोजमर्रा के उत्पादों में पाए जाने वाले फेनोलिक रसायन—जिनमें बिसफेनोल A, मिथाइलपैराबेन और ट्राइक्लोसैन शामिल हैं—अंतःस्रावी तंत्र में बाधा डाल सकते हैं। ये पदार्थ खिलौनों, सनस्क्रीन, दंत उत्पादों, खाद्य पैकेजिंग और परिरक्षकों में पाए जाते हैं। लंबे समय तक संपर्क से थायरॉइड कार्य प्रभावित हो सकता है और हाइपोथायरॉइडिज्म जैसी स्थितियों में योगदान हो सकता है।


तरीके और मुख्य निष्कर्ष

अध्ययन में प्रजनन क्लिनिक आने वाली 339 महिलाओं का विश्लेषण किया गया। उनके मूत्र में फेनोलिक रसायनों तथा सीरम में थायरॉइड कार्य और स्वप्रतिरक्षिता के संकेतकों को मापा गया। थायरॉइड हार्मोन स्तरों पर इन रसायनों के संयुक्त प्रभावों का आकलन कई सांख्यिकीय तरीकों से किया गया।


मूत्र में पाए गए बिसफेनोल A, मिथाइलपैराबेन और ट्राइक्लोसैन का संबंध थायरॉइड हार्मोन स्तरों में बदलाव से था और कुछ रसायन थायरॉइड रोग के अधिक जोखिम से जुड़े थे। ये रसायन उपभोक्ता उत्पादों में आम सामग्री हैं और U.S. Food and Drug Administration (FDA) द्वारा विनियमित हैं।


प्रजनन क्षमता और थायरॉइड स्वास्थ्य का जटिल संबंध

“हमने कम प्रजनन क्षमता वाली महिलाओं पर ध्यान केंद्रित किया, जिनमें थायरॉइड रोग का जोखिम अधिक पाया गया है,” वरिष्ठ लेखिका Dr. Lidia Mínguez-Alarcón, Harvard Medical School की सहायक प्रोफेसर और प्रजनन महामारी विज्ञानी, ने कहा। इसी अध्ययन समूह पर पहले किए गए EARTH Study में पाया गया कि असामान्य थायरॉइड हार्मोन स्तर वाली महिलाओं का डिम्बग्रंथि भंडार कम था, जिसका संकेत कम एंट्रल फॉलिकल संख्या से मिला। इसलिए थायरॉइड हार्मोन में बड़े उतार-चढ़ाव को रोकना महिलाओं की प्रजनन क्षमता बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है।


भविष्य के शोध और महत्व

टीम ने बताया कि कुछ निष्कर्ष पहले के शोध से अलग थे, जिसका कारण अध्ययन समूहों, फेनोल बायोमार्कर सांद्रता या मापे न गए फेनोलिक रसायनों में अंतर हो सकता है। भविष्य के शोध में इन निष्कर्षों की पुष्टि और थायरॉइड विकार के दीर्घकालिक प्रभावों की जाँच की जानी चाहिए।


Brigham and Women's Hospital की टीम में कई अंतरराष्ट्रीय संस्थानों के शोधकर्ता शामिल थे, जिनमें University of Waterloo के Glenn McGee, शोधपत्र के प्रमुख लेखक, और Harvard T.H. Chan School of Public Health के Russ Hauser, EARTH Study के प्रधान अन्वेषक, शामिल हैं।


Dr. Mínguez-Alarcón ने निष्कर्ष दिया: “महिलाओं का स्वास्थ्य केवल व्यक्तिगत कल्याण से संबंधित नहीं है, बल्कि प्रजनन क्षमता और संभावित जोखिमों की जागरूकता से भी जुड़ा है। हमें उम्मीद है कि यह शोध महिलाओं के स्वास्थ्य में सुधार के लिए मजबूत समर्थन देगा।”


स्रोत:

ऑनलाइन संकलित

लेखक LinkedIVF Teamप्रकाशित 2024-11-17
本文使用 AI 輔助整理;LinkedIVF 尚未記錄本篇的編輯審核,不構成醫療建議。
यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी के लिए है और चिकित्सा सलाह नहीं है। किसी लाइसेंस प्राप्त चिकित्सक से परामर्श लें। सामग्री दिशानिर्देश और संपादकीय नीति

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